Dhurki News Today Garhwa । हाथी का दांत साबित हो रहा धुरकी का ग्रामीण जलापूर्ति पानी टंकी

धुरकी से संतोष की रिपोर्ट

धुरकी । गढ़वा । मनुष्य की रोजमर्रा की तरह जरूरत आने वाली बिजली, पानी, सड़क, चिकित्सा, शिक्षा, इन तीनों में सबसे आवश्यक है, पानी !, जी हां जैसे वायु के बिना एक पल भी मनुष्य जीवित नहीं रह सकता, ठीक उसी प्रकार जल के बिना किसी भी जीव, जंतु, प्राणी जीवित नहीं रह सकता, सरकार जल संरक्षण करने को लेकर लाख उपाय कर ले, लेकिन धरातल पर नहीं हो पाता है, जानकारी के अनुसार धुरकी प्रखंड कार्यालय के पास पेयजल विभाग द्वारा करोडों की लागत से बना मिनार तथा इसमें उपोग होने वाले मशीन भी धूल चाट रही है, एवं यह हाथी का दांत साबित हो रहा है, यों विभागीय लापरवाही कहिए या तकनीकी खराबी, पानी टंकी 2014 से ही तैयार हो रहा था, तैयार होने के कुछ दिन पानी सप्लाई भी हुआ, इसके बाद से जब से बंद है, तब से आज तक बंद जी है, गांव के कुछ ग्रामीणों एव कनेक्शन धारीऑन ने बताया की पानी टंकी का पाइप रोड खुदाई के दौरान कुछ जगहों पर पाइप टूट फुट गया है जो पानी सप्लाई में दिक्कत हो रही है, इसकी जानकारी हम सब ग्रामीणों ने विभाग के पदाधिकारी को अवगत कराया था, लेकिन आज तक इनके कानों में जूं नहीं रेंगी, अनलोगों ने यह भी बताया की पहले विभाग से कंपनी कार्य कर रही थी, जो सुचारू रूप से चल रही थी, लेकिन कंपनी जब विभाग को दिया, तब से आजतक टंकी बंद है, ग्रामीणों ने पेयजल एव स्वछता विभाग से पानी टंकी को चालू करने की मांग की है, मांग करने वालों में ग्रामीण मुंद्रिका भुईयां, अरुण कुमार, अनिल चंद्रवंशी, अंसारुल हक, मनोज कुमार, शमशीर भुईयां, सामू चंद्रवंशी, रमेश भुईयां, राजेश कुमार, प्रदीप साह, मोहमद हकीम सिद्दीकी, जयप्रकाश साह, मौजूद थे, इधर पेयजल के कनिय अभियंता से संपर्क नहीं होने पाया । ग्रामीणों ने पेयजल आपूर्ति को अविलंब चालू करने की मांग की है ।